छत्तीसगढ़
"भूपेश बघेल का पत्र: प्रधानमंत्री से देनदारियों की लम्बित राशि के निराकरण की आवश्यकता पर आग्रह"
रायपुर: मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को पत्र लिखकर भारत सरकार द्वारा लंबित देनदारियों की ओर ध्यान आकर्षित किया. इस पत्र में मुख्यमंत्री राज्य एजेन्सियों की लम्बित लगभग 6,000 करोड़ की देनदारियों को शीघ्र निराकृत करते हुए क्लेम की राशि को अंतरित करने आवश्यक कार्रवाई करने का आग्रह किया है.
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने पत्र में कहा है कि केंद्रीय पूल में राज्य सरकार की ओर से जमा चावल के बाद बचे शेष धान के निराकरण में भी राज्य सरकार को बड़ी हानि उठानी पड़ती है, जिसकी भरपाई भारत सरकार द्वारा नहीं की जाती है. इससे राज्य सरकार को अतिरिक्त आर्थिक भार वहन करना पड़ता है.
मुख्यमंत्री बघेल ने प्रधानमंत्री मोदी से अनुरोध करते हुए इस पत्र में कहा है कि स्थिति की गंभीरता को देखते हुये संबंधित अधिकारियों को निर्देशित करने का कष्ट करें कि वे राज्य की एजेन्सियों की लम्बे समय से लम्बित समस्त देनदारियों की समय-सीमा निर्धारित कर निराकरण करें तथा राज्य के विधिक क्लेम की राशि शीघ्र राज्य सरकार को अन्तरित करने हेतु आवश्यक कार्रवाई करें.
"शिक्षक भर्ती की मांग पर छत्तीसगढ़ के युवाओं का प्रदर्शन, रिक्त पदों की भर्ती की मांग"
रायपुर: शिक्षक भर्ती की मांग को लेकर बीएड-डीएड डिग्रीधारी कला संकाय के युवाओं ने शनिवार को तूता धरना स्थल पर प्रदर्शन किया. ये सभी मैदानी क्षेत्र जैसे बिलासपुर, रायपुर, दुर्ग संभाग में शिक्षक भर्ती की मांग कर रहे हैं. पिछले 10 सालों से कला संकाय में नौकरी नहीं निकलने पर सभी ने आक्रोश जताया. जानकारी के मुताबिक प्रदेश में 56 हजार शिक्षकों की सीट खाली है. शिक्षक विहीन स्कूलों को लेकर लगातार प्रदेश में स्कूलों में ताला जड़ा जा रहा है.
कला संकाय और बीएड-डीएड प्रशिक्षित कल्याण संघ छत्तीसगढ़ के अध्यक्ष कामेश्वर यादव ने बताया कि प्रदेश में 57,447 शिक्षकों के रिक्त पदों को चुनाव से पूर्व नोटिफिकेशन निकालकर भरे जाने की मांग है. क्योंकि कांग्रेस ने सत्ता में आने से पहले वादा किया था कि 60 हजार शिक्षकों की भर्ती की जाएगी. जो कि अब तक नहीं की गई है.
डिग्रीधारियों की मांग है कि व्यायाम शिक्षक, ग्रंथपाल, संगीत शिक्षक, कला शिक्षक, विज्ञान प्रयोगशाला और कला विज्ञान संकाय के रिक्त व्याख्याता पदों पर भर्ती की जाए. साथ ही सवाल खड़ा करते हुए कामेश्वर यादव ने कहा कि प्रदेश में शिक्षा की स्थिति अत्याधिक दयनीय है. सभी स्कूलों में शिक्षकों की कमी है. जिसे प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था का बुरा हाल है. विद्यार्थी लगातार शिक्षकों की मांग कर रहे हैं.
"उपमुख्यमंत्री के कार्यक्रम में एक्सपायर्ड फ्रूटी बांटने पर उठी चिंता, सिंहदेव ने की कार्रवाई की बात"
सरगुजा: उपमुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव के कार्यक्रम में लापरवाही का मामला सामने आया है. जिस कार्यक्रम में वे शामिल हुए थे, वहां एक्सपायर्ड फ्रूटी और माजा बाटी गई. दरअसल, शनिवार को अंबिकापुर के पीजी कॉलेज ऑडिटोरियम रूम में स्वास्थ्य विभाग और की ओर से कार्यक्रम का आयोजन किया गया था. जिसके मुख्य अतिथि उपमुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव थे.
यहां एक्सपायर्ड फ्रूटी नाश्ते के साथ बांटी गई. जिसे सैकड़ो की संख्या में पहुंचे लोगों ने पिया. जिसमें छोटे बच्चे भी शामिल थे. जो पेय बांटे गए वो कई दिनों पहले ही एक्सपायर हो चुके हैं. इस बात की जानकारी जब उपमुख्यमंत्री मंत्री को लगी तो उन्होंने कार्रवाई की बात कही.
"छत्तीसगढ़ मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री को पत्र लिखकर ओडीएफ घोषित करने के लिए आग्रह किया,देखिये पूरी खबर"
रायपुर : छत्तीसगढ़ को ओडीएफ घोषित किये जाने को लेकर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर चिंताई जताई है। सीएम बघेल ने पत्र में लिखा हैं कि पिछली सरकार में राज्य को ओडीएफ घोषित किए जाने के बावजूद 15 लाख परिवार उन्नत शौचालय सुविधा से आज भी वंचित हैं। मुख्यमंत्री ने इन परिवारों को यह सुविधा उपलब्ध कराने की मांग प्रधानमंत्री से की है। साथ ही कहा है कि उन्नत शौचालय निर्माण की प्रोत्साहन राशि 12 हजार रुपए प्रति परिवार से बढ़ाकर 30 हजार रुपए की जानी चाहिए। उन्होंने अतिवाद प्रभावित तथा दुर्गम क्षेत्रों में ऐसे शौचालयों का निर्माण ग्राम पंचायतों के माध्यम से स्वीकृत करने का अनुरोध किया है।
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने पत्र में लिखा है कि भारत सरकार के स्वास्थ्य मंत्रालय के तत्वावधान में कराये गये राष्ट्रीय परिवार स्वास्थ्य सर्वेक्षण 6 (2019-21 ) में यह पाया गया है कि छत्तीसगढ़ के शहरी क्षेत्रों में 88.2 प्रतिशत परिवार एवं ग्रामीण क्षेत्रों के 73.5 प्रतिशत परिवार उन्नत शौचालय सुविधा का लाभ उठा रहे हैं। इस तरह राज्य के कुल परिवारों में से 76.8 प्रतिशत परिवार उन्नत शौचालय सुविधा का उपयोग कर रहे हैं तथा 23.2 प्रतिशत परिवार इस सुविधा से वंचित हैं। विगत माह राज्य सरकार द्वारा कराये गये सामाजिक आर्थिक सर्वेक्षण के दौरान शौचालयों के भौतिक सत्यापन से राष्ट्रीय परिवार स्वास्थ्य सर्वेक्षण-5 के जारी आंकड़ों की पुष्टि होती है। मुख्यमंत्री बघेल ने पत्र में आगे कहा है कि पूर्ववर्ती सरकार के कार्यकाल में राज्य में 32 लाख से अधिक शौचालय निर्मित किये हुये थे तथा जनवरी 2018 में संपूर्ण राज्य को ओ.डी.एफ घोषित किया गया था।
शौचालयों के निर्माण में लगभग 4,000 करोड़ रुपये से अधिक राशि का व्यय हुआ था। इतनी राशि व्यय करने के बाद भी राज्य के लगभग 15 लाख परिवारों को वर्तमान में उन्नत शौचालय की सुविधा न होना चिंता एवं जांच का विषय है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र के माध्यम से अनुरोध करते हुए लिखा है कि भारत सरकार के प्रशासकीय विभाग द्वारा स्वतंत्र तृतीय पक्ष के माध्यम से वस्तुस्थिति की जांच करायी जाये तथा राज्य की भौगोलिक एवं जनांकिकीय स्थिति को ध्यान में रखते हुये उन्नत शौचालय सुविधा रहित परिवारों के लिए शौचालय निर्माण हेतु प्रति परिवार प्रोत्साहन राशि को 12,000 रू के स्थान पर 30,000 रू करते हुए राशि स्वीकृत की जावे एवं अतिवाद प्रभावित तथा दुर्गम क्षेत्रों में ग्राम पंचायतों के माध्यम से शौचालय निर्माण की सहमति दी जाये।
"छात्रवृत्ति के लिए बायोमैट्रिक ऑथेंटिकेशन की अंतिम तिथि बढ़ाकर 29 अगस्त तक....
भारत सरकार अल्पसंख्यक कार्य मंत्रालय के निर्देशानुसार सहायक आयुक्त आदिवासी विकास रायपुर द्वारा सभी महाविद्यालयों/विद्यालयों के संस्था प्रमुख एवम संस्था के छात्रवृत्ति नोडल ऑफिसर तथा अल्पसंख्यक छात्र/छात्राओं का आधार से बायोमैट्रिक ऑथेंटिकेशन का कार्य किया जा रहा है जिनकी अंतिम तिथि 25-08-2023 निर्धारित किया गया था।
भारत सरकार अल्पसंख्यक मंत्रालय द्वारा पुनः अंतिम तिथि बढ़ा कर 29-08-2023 कर दिया गया है। रायपुर जिले में संचालित सभी महाविद्यालय/विद्यालयों के जो भी अल्पसंख्यक वर्ग के छात्र छात्राएं बायोमैट्रिक ऑथेंटिकेशन करवाने से छूट गए है वे तत्काल निर्धारित तिथि तक कराना सुनिश्चित करे।
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कही यह बात,"छत्तीसगढ़: आईटी और ईडी की टीमें राज्य में छापा मारने के लिए तैयार
रायपुर: छत्तीसगढ़ में केंद्रीय प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की टीमें एक के बाद एक छापा मार कार्यवाही कर रही है। अब इनकम टैक्स (आईटी) की टीम भी राज्य में छापा मारने के लिए तैयार खड़ी है। आईटी की 200 से 250 सदस्यीय टीम छत्तीसगढ़ आने वाली है। यह बात मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कही है। आईटी के छापों को लेकर यह बात मुख्यमंत्री बघेल रायपुर से लेकर दिल्ली तक बोल चुके हैं। आपको याद दिला दें कि दो वर्ष पहले मुख्यमंत्री बघेल ने राज्य में ईडी के छापों को लेकर भी इसी तरह की भविष्यवाणी की थी।
सीएम सबसे पहले यह बात 2020 में राज्य में शराब कारोबार से जुड़े लोगों और कुछ सरकारी अफसरों के यहां पड़े छापे के बाद से कही थी। तब मुख्यमंत्री बघेल ने कहा था कि आईटी आई है, अब ईडी भी आएगी। मैंने पहले ही कहा था कि छापे पड़ेंगे। अभी आईटी आई है इसके पीछे अब जल्द ही ईडी भी आएगी।
मुख्यमंत्री बघेल की यह बात सही साबित हुई, जिस शराब घोटाले को लेकर आईटी ने 2020 में छापा मारा था, उसी मामले की जांच अब ईडी कर रही है। बताया जा रहा है कि ईडी राज्य में मनी लांड्रिंग से जुड़े कुल छह मामलों की जांच कर रही है। इनमें पहला शराब में मनी लांड्रिंग का है। दूसरा कोयला परिवहन में मनी लांड्रिंग का है। तीसरा महादेव सट्ट एप के जरिये मनी लांड्रिंग का है। इसके अलावा ईडी ने धान की मिलिंग और जल जीवन मिशन में टेंडर से जुड़ा मामला शामिल है। छठवां मामला डीएमएफ से जुड़ा है। इनमें से चार मामलों में ईडी अब तक कई छापे मार चुकी है।
जल जीवन और डीएमएफ मामले में केंद्रीय जांच एजेंसी अभी जानकारी एकत्र कर रही है। एक दिन पहले दिल्ली में कांग्रेस मुख्यालय में प्रेसवार्ता को संबोधित करते हुए सीएम बघेल कहा था कि भाजपा छत्तीसगढ़ में चुनाव हार गई है। ईडी और आईटी चुनाव लड़ रही है। इसी कारण से इन्हें ठेका दे दिया गया है। जो स्तर है, वह निम्न से निम्न हो गया है। अभी और स्तर गिरेगा। उन्होंने कहा कि जो जानकारी मिल रही है, अभी तो ये टीम आई है अब आईटी की 200 लोगों की टीम आएगी। वे घर-घर जाएंगे और गली-गली जाएंगे और छापा मारेंगे।
सीएम भूपेश के अनुसार राज्य में अब तक 200 से ज्यादा छापे मारे जा चुके हैं। ईडी के छापों को लेकर मुख्यमंत्री की पूर्वानुमान सही साबित हो चुका है। ऐसे में सियासी गलियारे में इस बात की चर्चा जोरों पर है कि क्या आईटी के छापों को लेकर मुख्यमंत्री का नया पूर्वनुमान भी सही साबित होगा। कोयला और शराब मामले में ईडी अब तक दो आईएएस सहित दर्जनभर से ज्यादा लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है। इसके साथ ही ईडी ने 19 अगस्त को बिलासपुर हाईकोर्ट में एक आवेदन लगाया है।
इसमें मामले की जांच सीबीआई को सौंपने का आग्रह किया गया है। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने राज्य में पढ़ रहे ईडी के छापों को लेकर कोर्ट से हस्तक्षेप करने का आग्रह किया है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने छापों को राजनीति से प्रेरित बताते हुए कहा कि प्रजातंत्र खतरे में है, ऐसे में कोर्ट की बड़ी जिम्मेदारी बन जाती है उसे हस्तक्षेप करना चाहिए और इस पर रोक लगनी चाहिए।
दिल्ली स्थित कांग्रेस मुख्यालय में आज पत्रकार वार्ता को संबोधित करते हुए सीएम भूपेश बघेल ने कहा कि ईडी कथित शराब घोटाला कथित कोयला घोटाला और अब सट्टा महादेव ऐप को लेकर लगातार छापे मार रही है। उन्होंने बताया कि ईडी का आरोप है कि नकली होलोग्राम के जरिए शराब में गड़बड़ी की गई है। बघेल ने कहा कि हमने राज्य की शराब नीति में कोई बदलाव नहीं किया है भाजपा की जो नीति थी उसी पर हम कम कर रहे हैं इसके बावजूद राजस्व 3900 करोड़ से बढ़कर 5600 करोड़ पहुंच गया है।
इसी तरह कोयला मामले में भी ईडी उन लोगों से पूछताछ नहीं कर रही है जो इसमें लाभार्थी हैं यानी जिनको इससे लाभ होने की संभावना है। छत्तीसगढ़ के 85% खदान सीईसीएल द्वारा संचालित किए जाते हैं लेकिन ईडी ने अब तक सीईसीएल के किसी भी अधिकारी या कर्मचारी से पूछताछ नहीं की है।
बघेल ने कहा कि ईडी इन दोनों मामलों में अभी तक जीतेगा घोटाला और भ्रष्टाचार बता रही है उसकी आधा भी संपत्ति जब्त नहीं कर पाई है दूसरी तरफ अब धान की मिलिग में घोटाला खोजने लगी है।मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कल उनके राजनीतिक सलाहकार विनोद वर्मा और दो ओएसडी के यहां पड़े छापों का उल्लेख करते हुए की ईडी केवल परेशान करने का काम कर रही है।
"5 लाख बुजुर्ग और दिव्यांग वोटर्स के लिए घर बैठे वोटिंग की अनुमति, चुनाव आयोग ने लिए महत्वपूर्ण फैसला"
रायपुर: चुनाव आयोग की बैठक में अहम फैसला लिया गया है. अब 5 लाख बुजुर्ग और दिव्यांग घर बैठे वोटिंग कर सकेंगे. इसके लिए इन वर्ग के लोगों को पहले से आवेदन करना होगा. 33 जिलों से दोनों वर्गों का डेटा मंगाया जा रहा. वहीं अवैध परिवहन पर भी कड़ी निगरानी के निर्देश दिए गए हैं.
भारत के मुख्य निर्वाचन आयुक्त राजीव कुमार तथा निर्वाचन आयुक्तद्वय अनूप चंद्र पांडेय और श्री अरूण गोयल ने प्रदेश के सभी जिलों के कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक, सभी संभागों के आयुक्त तथा पुलिस रेंजों के महानिरीक्षक के साथ बैठक कर विधानसभा आम निर्वाचन की तैयारियों की जिलेवार समीक्षा की.
उन्होंने वर्तमान में राज्य में चल रहे मतदाता सूची के द्वितीय विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण की प्रगति की जानकारी ली और निर्वाचक नामावली को शुद्ध एवं त्रुटिरहित बनाने पर जोर दिया. आयोग ने मतदाता सूची का पुनरीक्षण पूरी गंभीरता, सूक्ष्मता और सावधानी से करने को कहा. आयोग ने इपिक कार्ड की प्रिंटिंग और वितरण की भी जानकारी ली.
"मतदान महोत्सव में कठपुतली नृत्य से मतदाताओं को जागरूक किया गया"
रायपुर: भारत निर्वाचन आयोग के मुख्य निर्वाचन आयुक्त राजीव कुमार के आगमन पर आज राजधानी रायपुर स्थित बूढ़ापारा तालाब परिसर में आयोजित मतदाता महोत्सव प्रदर्शनी में मतदाता जागरूकता की थीम पर आयोजित कठपुतली नृत्य लोगों के बीच आकर्षण का केंद्र रहा।
इस अवसर पर छत्तीसगढ़ निर्वाचन के लिए विशेष रूप से तैयार की गई कठपुतली चुनई चिरई की थीम पर आयोजित नृत्य के जरिए मनोरंजन के साथ-साथ मताधिकार के महत्व को दिखाया गया। वहीं 15 फिट की कठपुतली के नृत्य ने सबका मन मोह लिया, इसमें राजा और उनकी रानी तपस्या का नृत्य मतदाता जागरूकता के संदेशों से भरा रहा।
इस अवसर पर मैं भारत हूँ भारत है मुझमें मैं ताकत हूँ ताकत है मुझमें, बाकी कौनो काम भले बाद करव/ उठा चलव पहिली मतदान करव, आने वाली पीढ़ी भी हम पर अभिमान करें/चलो चलो मतदान करें, वोट करो मतदान करो/मतदान करो सबलोग जैसे जागरूकता गीतों में कठपुतली नृत्य हुआ।
बिलासपुर से आया यह समूह लगभग 24 वर्षों से कठपुतली नृत्य का मंचन कर रहा है। इसकी संचालिका किरण मोइत्रा हैं।
"मतदान महोत्सव: निर्वाचन की रोशनी में राज्य की जागरूकता और सहभागिता"
रायपुर: मुख्य निर्वाचन आयुक्त राजीव कुमार की अगुआई में भारत निर्वाचन आयोग का दल छत्तीसगढ़ में आगामी विधानसभा निर्वाचन के लिए की जा रही प्रारंभिक तैयारियों की समीक्षा के लिए आया हुआ है। आज मुख्य निर्वाचन आयुक्त कुमार ने निर्वाचन आयुक्त अनूप चन्द्र पांडेय और अरुण गोयल के साथ बूढ़ा तालाब विवेकानंद सरोवर परिसर में आयोजित मतदाता महोत्सव में शिरकत की।
उनके साथ निर्वाचन आयोग के आयुक्त अनूप चन्द्र पांडेय और अरुण गोयल और अन्य सदस्यों सहित राज्य की मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी रीना बाबा साहब कंगाले ने बूढ़ा तालाब में दीप दान कर मतदाताओं को मतदान के लिए प्रेरित किया।
सीईसी श्री कुमार और राज्य की मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कंगाले ने अधिक से अधिक लोगों से दीप दान के साथ मतदान करने का संकल्प लेने की अपील की। महोत्सव में भारत निर्वाचन आयोग ने मतदाताओं को मतदान का महत्व भी बताया। सुश्री रीना बाबा साहब कंगाले ने मतदाता महोत्सव के बारे में जानकारी दी।
उन्होंने राज्य चल रहे मतदान और निर्वाचन संबंधी जागरूकता कार्यक्रमों की जानकारी भी दी। कलेक्टर डॉ. सर्वेश्वर भुरे ने भारत निर्वाचन आयोग का आभार प्रदर्शन किया और आश्वस्त किया कि आयोग द्वारा निर्धारित नियमों, प्रक्रियाओं और मापदण्डों के अनुसार ही राज्य में विधानसभा निर्वाचन सम्पन्न कराया जाएगा।
प्रदर्शनी का भी अवलोकन किया। इस प्रदर्शनी में राज्य में मतदान और मतदान प्रक्रिया से लोगों को अवगत कराने अब तक किए गए प्रयासों का प्रदर्शन किया गया है। राज्य में विशेषतः अनुसूचित जनजाति बाहुल्य क्षेत्रों में मतदान सुनिश्चित करने के लिए किए गए उपायों और निर्वाचन-दर-निर्वाचन आये सकारात्मक परिणामों का भी प्रदर्शन किया गया।
राजीव कुमार ने मतदाता महोत्सव के दौरान मतदान प्रतिशत बढ़ने और निर्वाचन प्रक्रिया के सहज- सरल तरीके से पूरे होने में राज्य की महिला मतदाताओं की सहभागिता प्रदर्शित करती हुई पुस्तक ’’शक्ति’’ का भी विमोचन किया। उन्होंने भारत निर्वाचन आयोग द्वारा अनुशंसित गीत ’’मैं भारत हूं’’ के छत्तीसगढ़ी अनुवाद का भी विमोचन किया। महोत्सव में नये युवा मतदाताओं, विशेष पिछड़ी जनजातियों के मतदाताओं को इपिक कार्ड का वितरण भी किया गया।
मतदाता महोत्सव के दौरान राज्य के पांचों संभागों से चयनित पांच श्रेष्ठ बीएलओ का भी सम्मान किया गया। इन बूथ स्तरीय अधिकारियों ने मतदाता सूची पुनरीक्षण के काम में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया है। इसके साथ ही मतदाता सूचियों में वर्तमान पतें पर नाम जोड़ने और पूर्व पते से नाम कटवाने का संदेश देने के लिए पांच नव विवाहित वधुओं को भी महोत्सव में सीईसी ने इपिक कार्ड प्रदान किए।
मलखम्ब से शरीर और मतदान से लोकतंत्र होता है मजबूत- कार्यक्रम में मतदान के लिए लोगों को प्रेरित करने, मतदान का महत्व बताने और आगामी निर्वाचन में शत-प्रतिशत मतदान करने के लिए जागरूक करने मलखम्ब प्रदर्शन भी किया गया। मलखम्ब देश का अद्भुत खेल है जिसके योग, कुश्ती और जिमनास्टिक का समन्वय है। इस खेल से जहां शरीर निरोगी और स्वस्थ्य होता है। वहीं मतदान से लोकतंत्र को मजबूती मिलती है। भारत निर्वाचन आयोग ने सभी मतदाताओं से आगामी विधानसभा चुनाव में अपना मतदान अवश्य ही करने की अपील भी की।
महोत्सव में मलखम्ब का प्रदर्शन अबूझमाड़ मलखम्ब अकादमी के खिलाड़ियों ने किया। थोड़े ही समय में मलखम्ब खेल ने छत्तीसगढ़ को बड़ी पहचान दिलाई है। मलखम्ब के खिलाड़ियों ने राज्य स्तर पर 90 पदक, राष्ट्रीय स्तर पर 45 पदक और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर 03 स्वर्ण पदक भी जीते है। इंडिया गॉड टैलेंट जैसे रियलिटी शो के जरिये भी अबूझमाड़ के इन खिलाड़ियों ने छत्तीसगढ़ का नाम रौशन किया है। प्रदेश में स्वतंत्र निष्पक्ष तरीके से मतदान प्रतिशत बढ़ाने के लिए इन खिलाड़ियों का सहयोग स्वीप गतिविधियों में किया जा रहा है।
मतदाता महोत्सव में खैरागढ़ के इंदिरा संगीत कला विश्वविद्यालय के छात्र-छात्राओं ने निर्वाचन में मतदान के महत्व पर आधारित लघु नाटिका का भी मंचन किया और एक-एक वोट की अहमियत बताई। लघु नाटिका के माध्यम से भी लोगों को अनिवार्य रूप से मतदान के लिए प्रेरित किया गया।
अबूझमाड़ मलखम्ब एकेडमी की टीम ने दी शानदार प्रस्तुति
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के आगमन पर राजधानी रायपुर स्थित बूढ़ा तालाब में आयोजित मतदाता महोत्सव में नारायणपुर के अबूझमाड़ मलखम्ब एकेडमी की टीम ने शानदार प्रस्तुति दी। बेहतरीन समन्वय के साथ मैं भारत हूँ भारत है मुझमें/मैं ताकत हूँ ताकत है मुझमें, गीत पर मलखम्ब की प्रस्तुति ने ख़ूब वाहवाही बटोरी।
मतदाता जागरूकता पर नाटक का मंचन
खैरागढ़ संगीत कला विश्वविद्यालय से आए छात्रों ने मतदाता जागरूकता पर नाटक का मंचन किया। उन्होंने न नशे से न नोट से/सरकार चलेगी वोट से, युवा हो तुम देश की शान/जागो उठो करो मतदान जैसे नारों के साथ नाटक का मंचन किया।
‘मैं भारत हूँ भारत है मुझमें‘ गीत का छत्तीसगढ़ी भाषा में अनुवाद का हुआ विमोचन
मैं भारत हूँ भारत है मुझमें/ मैं ताकत हूँ ताकत है मुझमें, गीत का छत्तीसगढ़ी भाषा में अनुवाद का विमोचन भारत निर्वाचन आयोग के मुख्य निर्वाचन आयुक्त श्री राजीव कुमार द्वारा किया गया। इस गीत में छत्तीसगढ़ के कला, निर्देशन, अभिनय और स्पोर्ट्स जैसे विविध क्षेत्रों से जुड़े लोगों का फिल्मांकन है। गीत में छत्तीसगढ़ की संस्कृति, सभ्यता और ऐतिहासिक विरासतों के फिल्मांकन के साथ मतदाता जागरूकता का संदेश दिया गया है।
"मतदाता महोत्सव प्रदर्शनी: चिन्हारी लोकतंत्र के आदर्श का उद्घाटन, 1967 के चुनाव की यादें"
रायपुर: भारत निर्वाचन आयोग के मुख्य निर्वाचन आयुक्त राजीव कुमार ने आज निर्वाचन आयोग के आयुक्त अनूप चन्द्र पांडेय और अरुण गोयल के साथ राजधानी रायपुर स्थित बूढ़ापारा तालाब परिसर में ‘मतदाता महोत्सव प्रदर्शनी, चिन्हारी लोकतंत्र के‘ का फीता काटकर शुभारंभ किया।
उन्होंने प्रदर्शनी में लगे विभिन्न स्टॉलों का अवलोकन किया। प्रदेश के अलग-अलग जिलों, विशेषकर आदिवासी बाहुल्य क्षेत्रों से जुड़े जिलों द्वारा यहां स्टॉल लगाया गया है, इन स्टॉलों में अब तक के वर्षों में हुए वोटिंग की झलकियां तस्वीरों के माध्यम से और विभिन्न जिलों में मतदाता जागरूकता के लिए चलाए गए अभियानों को भी दर्शाया गया है।
प्रदर्शनी में बिलासपुर, रायपुर, बस्तर, सुकमा, जांजगीर-चांपा, बलरामपुर, कबीरधाम, सारंगढ़, बालोद जैसे जिलों द्वारा स्टाल लगाया गया है। रायपुर, बिलासपुर, कबीरधाम, सारंगढ़ और बालोद द्वारा लगाए गए स्टाल में मतदाता जागरूकता अभियान को फ़ोटो प्रदर्शनी के साथ प्रदर्शित किया गया है।
बिलासपुर ने शत-प्रतिशत मतदान, बिलासपुर का अभियान, लोकतंत्र का आधार कोई वोट न जाए बेकार जैसे नारो को सचित्र प्रदर्शित किया है। इसी तरह सारंगढ़ जिले के स्टाल में ‘मोर भइया वोट देवइया‘ के स्लोगन वाली राखी लोगों को लुभा रही है, जबकि बालोद ने भी ‘ए दारी मनाबो रक्षा संग मतदान के बंधन‘, के साथ जिले में चलाए जा रहे चुनाव अभियानों को प्रदर्शित किया है।
यहां लगे फोटो प्रदर्शनी के स्टॉल में छत्तीसगढ़ के बस्तर जिले के दूरस्थ क्षेत्र विकासखंड ओरछा में 1967 में हुए निर्वाचन की एक तस्वीर लगाई गई है, जिसमें एक वयोवृद्ध महिला अपने मताधिकार का प्रयोग करते हुए मत पर्ची मतदान पेटी पर डालती नजर आ रही है। वहीं आदिवासी बोली प्रदर्शनी के स्टॉल में गोंडी, सदरी, बिरहोर, बैगा, कमारी जैसी बोलियों में चुनाव के नारों का सचित्र प्रदर्शन है, यहां स्थानीय हल्बी बोली में मतदाता गीत भी प्रदर्शित है।
प्रदर्शनी में लगे विभिन्न स्टॉलों में अलग-अलग जिलों में चलाए गए चुनाव अभियान को प्रमुखता से प्रदर्शित किया गया है। इसी तरह नवविवाहित वधु सम्मान समारोह के वृहद आयोजन पर केंद्रित स्टॉल भी प्रदर्शनी में लगाया गया है। इस अभियान में मतदाता सूची के द्वितीय विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण कार्यक्रम 2023 के अंतर्गत जिला जांजगीर-चांपा में एक ही दिन जिले की सभी बाल विकास परियोजना की 1281 आंगनबाड़ी में 1771 में नवविवाहित वधुओं का सम्मान किया गया।
जिला बलरामपुर द्वारा लगाए गए स्टाल में यहां चलाए गए चुनाव अभियान ‘मतवीर‘ और ‘संकल्प वृक्ष‘ को प्रमुखता से प्रदर्शित किया गया है जिसका उद्देश्य युवाओं, महिलाओं, दिव्यांगों, वरिष्ठजनों आदि सभी वर्ग के मतदाताओं की मतदान रुचि को बढ़ाना और उन्हें मतदान का महत्व समझाना था।
रायगढ़ जिले द्वारा लगाए गए स्टॉल में सतरंगी रायगढ़, विरासत से विकास पर केंद्रित है, जिसमें यहां के चुनाव अभियान विरासत का संकल्प, बढ़ते हाथ शपथ के साथ, वृद्ध जनों का सम्मान, शुभ कदम स्वागतम, कर्तव्य पर बढ़ते चले जैसे कार्यक्रमों के जरिए मतदाता जागरूकता के कार्यों को प्रदर्शित किया है।
इसमें बिरहोर जनजाति से लेकर रायगढ़ के इंडस्ट्रीज तक की झलकियां हैं। सुकमा जिले द्वारा लगाए गए स्टाल में मतदाता जागरूकता अभियान स्वीप के अंतर्गत चुनाव अभियानों की प्रदर्शनी लगाई गई है। जिनमें अति नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में मतदाता जागरूकता अभियान वोट पंडूम नेवता, मतदाता शपथ कार्यक्रम, मतदाता जागरूकता एवं ईवीएम रथ प्रदर्शन, वाद-विवाद, चित्रकला एवं नारा लेखन प्रतियोगिता, मानव श्रृंखला, नवविवाहित सम्मान कार्यक्रम, मतदाता जागरूकता रैली, रंगोली चित्रकला को प्रदर्शित किया गया है।
मतदाता महोत्सव प्रदर्शनी, चिन्हारी लोकतंत्र के शुभारंभ के अवसर पर भारत निर्वाचन आयोग के उप निर्वाचन आयुक्त हृदेश कुमार, वरिष्ठ उप निर्वाचन आयुक्त धर्मेन्द्र शर्मा और नितेश व्यास, उप निर्वाचन आयुक्त मनोज कुमार साहू और आर.के. गुप्ता, उप निर्वाचन आयुक्त अजय भादू, महानिदेशक बी नारायणन, निदेशक यशवेंद्र सिंह, निदेशक (आई टी) अशोक कुमार, वरिष्ठ प्रधान सचिव एन.एन. बुटोलिया, प्रधान सचिव एस.बी. जोशी, संयुक्त निदेशक अनुज चांडक और अवर सचिव रितेश सिंह ने उपस्थित रहे।
"रायपुर के प्रोजेक्टों ने राष्ट्रीय स्तर पर बनाई विशेष पहचान, मोर रायपुर एप को मिला नेशनल ई-गवर्नेंस अवार्ड"
रायपुर: भारत सरकार के प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग द्वारा जिला स्तरीय उत्कृष्ट ई-गवर्नेंस पहल के लिए राष्ट्रीय ई-गवर्नेंस पुरस्कार-2023 “स्वर्ण“ रायपुर स्मार्ट सिटी लि. के ‘मोर रायपुर एप’ को प्रदान किया गया है. आज ही आवासन एवं शहरी कार्य मंत्रालय, भारत सरकार के अधीन संचालित स्मार्ट सिटीज़ मिशन के शहरों के लिए आयोजित “इंडिया स्मार्ट सिटी अवार्ड-2022“ की घोषणा भी हुई, जिसमें रायपुर स्मार्ट सिटी लि. द्वारा तैयार किए गए ऑक्सी रीडिंग जोन लाइब्रेरी “नालंदा परिसर“ को बेस्ट इनोवेटिव आइडिया अवार्ड मिला है. इस प्रतियोगिता के सामाजिक दृष्टिकोण से किए गए उत्कृष्ट कार्य की श्रेणी में शाला उन्नयन कार्यक्रम के तहत बी.पी. पुजारी स्कूल के भवन जीर्णोद्धार व अधोसंरचना निर्माण को राष्ट्रीय स्तर पर स्थान मिला है.
ई-गवर्नेंस पहल के अंतर्गत मोर रायपुर एप की प्रणाली को उत्कृष्ट नवाचार माना गया है. इस एप्प के अंतर्गत डिजिटल डोर नंबर, नगर निगम से संबंधित करों के भुगतान, सेवा व शिकायतों के निवारण की प्रणाली तैयार कर नागरिक सेवाओं को हाईटेक करने की दिशा में किए गए पहल को भारत सरकार के प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग द्वारा उत्कृष्ट मानते हुए ‘राष्ट्रीय ई-गवर्नेंस पुरस्कार’ प्रदान किया गया है.
इसके अलावा आज घोषित “इंडिया स्मार्ट सिटी अवार्ड-2022“ के परिणाम में स्मार्ट सिटी रायपुर के दो महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट को भी राष्ट्रीय स्तर पर सराहा गया है. इस कांटेस्ट के सामाजिक दृष्टिकोण की श्रेणी में गुजरात के वडोदरा व उत्तर प्रदेश के आगरा शहर के प्रोजेक्ट के बाद रायपुर के बी.पी. पुजारी शाला भवन उन्नयन कार्यक्रम को देश में तीसरा स्थान प्राप्त हुआ है. इसके अलावा नवाचारों की श्रेणी में रायपुर स्मार्ट सिटी लि. द्वारा निर्मित नालंदा परिसर को इनोवेशन अवार्ड से नवाज़ा गया है. इस कैटेगरी में हुगली धारवाड़ व सूरत शहर के प्रोजेक्ट को प्रथम व द्वितीय स्थान मिला है.
"छत्तीसगढ़: 700 बिस्तर वाले अत्याधुनिक सुपर स्पेशलिटी अस्पताल के निर्माण की घोषणा, CM भूपेश द्वारा 325 करोड़ के बजट से किया प्रावधान"
रायपुर: 2023 में प्रदेशवासियों को अत्याधुनिक स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ प्रदान करने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया गया है. राजधानी के नागरिकों को जल्द ही अत्याधुनिक सुपर स्पेशलिटी अस्पताल की सुविधा मिल सकेगी. स्वास्थ्यगत ढांचे को मजबूत बनाने और मल्टी स्पेशलिटी सुविधाएं नागरिकों को उपलब्ध कराने डॉ. भीमराव स्मृति चिकित्सालय में एकीकृत नवीन चिकित्सालय भवन के लिए 325 करोड़ रुपए के बजट का प्रावधान किया गया है. 700 बिस्तर वाले इस अस्पताल में बेसमेंट फ्लोर, लोवर ग्राउंड फ्लोर तथा भूतल के अलावा इस अस्पताल भवन में सात तल होंगे.
इस एकीकृत नवीन चिकित्सालय भवन 70 हजार 896 वर्ग मीटर में होगा.भवन में फायर फाइटिंग सिस्टम, एचवीएसी सिस्टम,आईबीएमएस सिस्टम आदि का प्रावधान किया गया है. भवन में बेसमेंट फ्लोर 8828 वर्ग मीटर, भूतल 7500 वर्ग मीटर, प्रथम तल से पंचम तल तक 7274 वर्ग मीटर,षष्ठम तल मय आट्रियम रूफ स्ट्रक्चर 8728 वर्ग मीटर,सातवां तल 640.57 वर्ग मीटर का होगा.नींव को इस रूप में तैयार किया गया है कि, भविष्य में सातवें फ्लोर और आठवें फ्लोर को जरूरत के दृष्टिकोण से विकसित किया जा सकता है.
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की मंशानुरूप एकीकृत नवीन चिकित्सालय भवन के बन जाने से स्वास्थ्य सुविधाओं का आधुनिक और दक्ष ढांचा राजधानी में मिल सकेगा. मरीजों की सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए आवश्यक सभी बुनियादी सुविधाएं इस परिसर में उपलब्ध कराई जाएंगी. इस अस्पताल के तैयार हो जाने से सुपर स्पेशयलिटी अस्पताल की सभी सुविधाएं मरीजों को मिल सकेंगी.
"रक्षाबंधन पर रेल यात्रियों के लिए बड़ा तोहफा: रद्द हुई ट्रेनों को किया रिस्टोर, देखें लिस्ट"
बिलासपुर: बिलासपुर, रायपुर रेल मंडल के अंतर्गत सवारी गाड़ियों के अनियमित संचालन का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। रेलवे हर दिन अलग-अलग कारण बताकर यात्री गाड़ियों को रद्द कर रही है। इस बीच रेलवे ने इस बार ट्रेनों को रद्द नहीम बल्कि रिस्टोर किया है। जीं हां.. सुनकर आपको भले यकीन न हो रहा हो, लेकिन इस बार त्यौहारी सीजन में यात्रियों की असुविधा को देखते हुए रेलवे ने अपना फैसला बदला है। रेलवे द्वारा 7 रद्द ट्रेनों को रिस्टोर किया गया है।
दरअसल, नॉन इंटरलॉकिंग व मेंटनेंस के कारण ट्रेनों को रद्द किया गया था, जिसके बाद अब रक्षाबंधन में संबंधित ट्रेनों की सुविधा मिलेगी।
यहां देखें रिस्टोर ट्रेनों की लिस्ट –
01. बिलासपुर-शहडोल मेमू पैसेंजर स्पेशल (08740) 28 अगस्त से 31 अगस्त तक के लिए पुनः परिचालित किया गया है।
02. शहडोल-बिलासपुर मेमू पैसेंजर (08739) 28 अगस्त से 31 अगस्त तक के लिए पुनः परिचालित किया गया है।
03. रायपुर-डोंगरगढ़ मेमू पैसेंजर (08729) 28 अगस्त से 31 अगस्त तक के लिए पुनः परिचालित किया गया है।
04. डोंगरगढ़रायपुर मेमू पैसेंजर (08730) 29 अगस्त से 01 सितंबर तक के लिए पुनः परिचालित किया गया है
05. गोंदिया-वडसा मेमू पैसेंजर (08806) 28 अगस्त से 31 अगस्त तक के लिए पुनः परिचालित किया गया है।
06. वडसा-चंदाफोर्ट मेमू पैसेंजर (08808) 29 अगस्त से 01 सितंबर तक के लिए पुनः परिचालित किया गया है।
07. चंदाफोर्ट-गोंदिया मेमू पैसेंजर (08805) 29 अगस्त से 01 सितंबर तक के लिए पुनः परिचालित किया गया है।
"लर्निंग लाइसेंस शिविर: पिथौरा और बागबाहरा में आयोजित होगा शिक्षा प्राप्ति का कार्यक्रम"
महासमुंद : शासन के मंशानुरूप आम जनता की सुविधा के लिए महासमुंद जिले में लर्निंग लाइसेंस के लिए शनिवार 26 अगस्त को नगर पालिका बागबाहरा एवं नगर पंचायत पिथौरा में लर्निंग लाइसेंस प्राप्ति शिविर आयोजित की जाएगी।
ज़िला परिवहन अधिकारी ने बताया कि इच्छुक आवेदक जन्म प्रमाण (05वी, 10वीं अंकसूची, जन्म प्रमाण पत्र/पेन कार्ड/पासपोर्ट) एवं निवास प्रमाण पत्र हेतु- (आधार/वोटर आई. डी), 2 पासपोर्ट साईज फोटो सहित शिविर स्थल पर उपस्थित होकर लर्निंग लायसेंस प्राप्त कर सकते है।
"पर्यवेक्षक खुली और परिसीमित सीधी भर्ती परीक्षा: 27 अगस्त को आयोजित"
छत्तीसगढ़ व्यवसायिक परीक्षा मंडल रायपुर द्वारा पर्यवेक्षकों के रिक्त पदों पर खुली भर्ती एवं परिसीमित सीधी भर्ती परीक्षा 2023 का आयोजन रविवार 27 अगस्त को दो पालियों में किया जाएगा। प्रथम पाली में पर्यवेक्षक (खुली सीधी भर्ती) परीक्षा सुबह 10ः00 बजे से 12ः15 बजे तक एवं द्वितीय पाली में पर्यवेक्षक (परिसीमित सीधी भर्ती) परीक्षा अपराह्न 2ः00 से 4ः15 बजे तक होगी। पर्यवेक्षक (खुली सीधी भर्ती) परीक्षा में 37 केन्द्रों में 10,168 परीक्षार्थी एवं पर्यवेक्षक (परिसीमित सीधी भर्ती) परीक्षा में 4 केन्द्रों में 1208 परीक्षार्थी शामिल होंगे।
कलेक्टर प्रभात मलिक ने परीक्षा के सुचारू व निर्विघ्न रूप से संचालन हेतु सम्पूर्ण परीक्षा कार्य संपादन के लिए नोडल एवं सहायक नोडल अधिकारी नियुक्त किए है। डिप्टी कलेक्टर श्रवण कुमार टण्डन नोडल अधिकारी होंगे एवं तहसीलदार चन्द्रशेखर मंडई, तहसीलदार लीलाधर कंवर, नायब तहसीलदार नीरज कुमार एवं तहसीलदार नमिता मारकोले को प्रथम पाली में 37 व द्वितीय पाली में 4 परीक्षा केन्द्रों के लिए सहायक नोडल अधिकारी बनाया गया है।
इसके अलावा प्रथम पाली में 37 परीक्षा केन्द्रों एवं द्वितीय पाली में 4 परीक्षा केन्द्रों के लिए 03 सदस्यीय चार उडनदस्ता दल का गठन किया गया है। इसी प्रकार गोपनीय सामग्री पहुंचाने के लिए प्रथम पाली में 37 परीक्षा केन्द्रों के लिए एवं द्वितीय पाली में 4 परीक्षा केन्द्रों के लिए परिवहन अधिकारी/पर्यवेक्षक नियुक्त किया गया है।
"ऐतिहासिक दंडवती मंदिर में शिव परिवार की स्थापना: धार्मिक उत्सव और आदर्श अवसर"
राजधानी के ऐतिहासिक और प्राचीन दंडवती मंदिर में आज हर्ष उल्लास एवं धूमधाम के साथ शिव परिवार की स्थापना की गई विधि विधान से पूजा अर्चना में सैकड़ो शिव भक्त शामिल हुए और शिव परिवार की स्थापना में भाग लिया दंडवती मंदिर समिति के अध्यक्ष शैलेंद्र नायडू ने उपरोक्त स्थापना की जानकारी देते हुए बताया गया है की पेंशन बाड़ा रह वासियों की बहु प्रतीक्षित मांग को पूरा किया गया है
काफी दिनों से मंदिर में आने वाले भक्त जन की मांग हो रही थी की मंदिर प्रांगण में शिव परिवार की स्थापना की जाए बता दे की मूर्तियां राजस्थान की मकराना से लाई गई है जो काफी कीमती मूर्तियां हैं और दुर्लभ मूर्तियां हैं इसमें भगवान शंकर गणेश माता पार्वती और कार्तिकेय की मूर्ति शामिल है यह मंदिर 104 साल पुराना है जिसे दंडवती मंदिर के संस्थापक वीरा स्वामी नायडू ने सन 1904 में स्थापित किया था और समिति के हाथों कमान सौंप थी तब से निरंतर मंदिर में भक्त जनों का आना-जाना बना हुआ है
हर दिन हर धार्मिक त्योहार में मंदिर में उल्लास में जीवन होता है और काफी संख्या में श्रद्धालु एकत्रित होकर पूजा अर्चना में हिस्सा लेते हैं मां दुर्गा के उत्सव को भी मंदिर प्रांगण में स्थापित मंदिर में धूमधाम से मनाया जाता है ज्योत कलश की स्थापना होती है और प्रत्येक अवसर पर कार्यक्रम की परंपरा बनी हुई है मंदिर
मंदिर समिति प्रांगण के खाली स्थान पर स्कूल और स्वास्थ्य चिकित्सालय की स्थापना की योजना पर काम कर रहा है और जल्द ही यह व्यवस्थाएं भी मूर्त रूप ले सकेंगे
"शिक्षा में रिसर्च मैथडलॉजी: डेटा विशेषज्ञों की मार्गदर्शन में शिक्षकों का प्रशिक्षण"
शोध में नजदीक से अध्ययन जरूरी
शासकीय दूधाधारी बजरंग महिला महाविद्यालय में प्राचार्य डॉ. किरण गजपाल के मार्गदर्शन में आयोजित रिसर्च मैथडलॉजी कोर्स में विषय विशेषज्ञ के रूप में डॉ. धवल मेहता ने कहा- रिसर्च में चार प्रकार के डाटा होते हैं।नॉमिनल, ऑर्डिनल, वैरिएबल एवं रेशियो। नॉमिनल और ऑर्डिनल डेटा में पाई चार्ट बनाया जाता है या बार चार्ट बनाया जाता है। नार्मल डिस्ट्रीब्यूशन चार्ट हम शोध में अपनाते हैं। जैसे- मेल और फीमेल डिस्ट्रीब्यूशन में नार्मल विभाजन नही हो सकता।
क्योंकि डाटा का सही रिजल्ट तभी निकल सकता है जब हम एक ही विषय को लेकर शोध कर रहे हैं। तभी हम हाइपोथीसिस के माध्यम से सही परिणाम निकाल सकते हैं। सर्च में नजदीक जाना आवश्यक है। प्राचार्य डॉ. किरण गजपाल ने रिसर्च मैथडलॉजी को शोधार्थियों के लिए उपयुक्त बताया। शोधार्थी डेटा कलेक्ट कर अपने शोध का सही कलेवर गढ़ सकते हैं। कार्यक्रम की संयोजक डॉ. उषाकिरण अग्रवाल ने बताया कि शोधार्थियों को काम के बीच- बीच मे अपने मन को प्रफुल्लित करने के लिए ऊर्जा प्रदान करने वाली गतिविधियों को आवश्यक बताया एवं प्रतिभागियों से गतिविधियां कराया गया ।
विषय विशेषज्ञ के रूप में सेवानिवृत्त एसोसियेट प्रोफेसर डॉ. विमल त्रिवेदी ने रिसर्च मेथड के संबंध में डाटा बेस को समझाया। रिसर्च के लिए डाटा महत्वपूर्ण है तभी हम सही आकलन कर पायेंगे। बिना डाटा कलेक्शन के सही आकलन करना मुश्किल है। केवल संदर्भ ग्रंथ के आधार पर प्रायोगिक विषय को नही समझा सकते उसके लिए डाटा कलेक्शन जरूरी है।
कार्यक्रम के सह- संयोजक डॉ. अजित हुंदैत ने विषय विशेषज्ञ का अभिनंदन किया एवं आभार व्यक्त किया ।