मोदी सरनेम केस: भूपेश बघेल आरोप लगाते हुए केंद्र सरकार को निशाना बनाया, बीजेपी के घोषणा पत्र पर कसा तंज
रायपुर: छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने मोदी सरनेम केस में केंद्र सरकार और भाजपा पर आरोप लगाए हैं. सीएम भूपेश बघेल ने कहा है कि राहुल गांधी की आवाज को कुचलने की कोशिश हो रही है. उन्होंने अरुण साव के बयान पर भी पलटवार किया है. बात यह है कि बुधवार को मोदी सरनेम केस में राहुल गांधी को सजा सुनाई जाने के बाद कांग्रेस ने प्रदेशभर में मौन सत्याग्रह किया है.
केंद्र सरकार के लगातार हमले और उसके संदेश पर सीएम भूपेश बघेल ने कहा है कि केंद्र सरकार दबाव में है. राहुल गांधी ने पदयात्रा की है और उससे मोदी सरकार को घबराहट हो रही है. अनेक राज्यों में नतीजे आ रहे हैं, जिससे उनकी घबराहट बढ़ गई है और इस कारण से राहुल गांधी की आवाज को कुचलने की कोशिश हो रही है. कांग्रेस पार्टी ने इसका विरोध किया है.
सीएम बघेल ने अरुण साव के बयान को लेकर टिप्पणी की है कि अरुण साव पहले उड़ान भरें. उनकी बात सुनने के लायक नहीं है. मोदी सरनेम है. यह निर्देश नकली नहीं है, विभिन्न जाति और धर्म के लोग इसे लिखते हैं. अरुण साव को ज्ञान विकसित करना चाहिए. बता दें कि अरुण साव ने पिछड़ा वर्ग का अपमान करने का आरोप लगाया था.
बीजेपी के घोषणा पत्र पर सीएम की टिप्पणी
भाजपा घोषणा पत्र का नकल के लिए भी अकल की आवश्यकता होती है. 15 साल में छत्तीसगढ़ में कभी भी महतारी की तस्वीर नहीं लगाई गई है, न कभी तीजा-पोरा या हरेली के दिन नंदी बैल की पूजा की गई है. अब सब कुछ हो रहा है. धीरे-धीरे सब इनको समझेंगे, लेकिन असली और नकली की पहचान होगी.
देश में प्रजातांत्रिक मूल्यों का हनन- टीएस सिंहदेव
मौन सत्याग्रह पर उपमुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव ने देश में प्रजातांत्रिक मूल्यों का हनन हो रहा है कहा है. राहुल गांधी के मुद्दे को लेकर केस दर्ज किए जाने पर उन्होंने भाजपा को निशाना साधा है. यहां तक कि 162 साल के इतिहास में इस तरह के केस में किसी को 2 साल की सजा नहीं मिली है. राहुल गांधी हीं ऐसे एकमात्र व्यक्ति हैं, जिन्हें 2 साल की सजा सुनाई गई है और उनका लक्ष्य सीधा है- राहुल गांधी को चुनाव लड़ने नहीं देना है. राहुल जी सच के साथ हैं, हम उनके साथ खड़े हैं.