छत्तीसगढ़ / रायपुर

*हसदेव बैराज के संभावित बाढ़ प्रभावित स्थलों का चिंहाकन*

रायपुर: आगामी वर्षा ऋतु को देखते हुए हसदेव बैराज के आस-पास बसाहटों को एहतिहात के तौर पर हटाने के निर्देश दिए गए हैं। कार्यपालन अभियंता हसदेव बैराज जलप्रबंध संभाग रामपुर, कोरबा आम जनमानस के लिए सूचना जारी कर कहा है कि आगामी बारिश के मौसम में आवश्यकता होने पर हसदेव बैराज दर्री के जलद्वारों को खोला जाएगा। जिससे नदी में पानी का प्रवाह अत्यधिक बढ़ने से बैराज के आस-पास बाढ़ क्षेत्र में स्थापित चल-अचल संपत्ति की क्षति होगी। इसलिए बैराज के बाढ़ प्रभावित क्षेत्र में आने वाले चल-अचल संपत्ति सहित  खनिज, खदान ठेकेदार, औद्योगिक इकाईयों और संस्थानों को भी अपनी परिसम्पत्तियों को हटाने  कहा गया है।

उक्त निर्देश कोरबा तथा जाजंगीर-चांपा जिला अंतर्गत चिन्हांकित स्थलों के लिए जारी किया गया है ताकि सभी अपनी चल-अचल सम्पत्ति को हटाकर सुरक्षित स्थानों में रख लें। कार्यपालन अभियंता द्वारा जारी निर्देश में कहा गया है कि अचानक बाढ़ से होने वाली किसी भी प्रकार की क्षति के लिए जल संसाधन विभाग उत्तरदायी नहीं होगा। बाढ़ क्षेत्र में आने वाले चिन्हांकित स्थानों में जिला कोरबा के चारपारा, खैरभवना, बलरामपुर, भलपहरी, जोगीपाली, कोहड़िया, राताखार, गेवराघाट, ईमलीडुग्गु, कुदुरमाल, बरीडीह, कटबितला, मोहरा, झींका, ठिठोली तथा चिचोली गांव शामिल है। इसी तरह जांजगीर-चांपा जिले का चांपा एवं देवरी गांव भी बाढ़ प्रभावित क्षेत्र में शामिल है। 

Leave Your Comment

Click to reload image